मामले को लेकर बनाई गई 21 सदस्यीय कमेटी
बरहेड़ी गांव में भीमराव अम्बेडकर की मूर्ति खंडित
बाबा साहब ने देश के संविधान का निर्माण किया
2011 में
लगाई गई थी मूर्ति, लंबा चला था आंदोलन
City
Life Haryana।रादौर : बरहेड़ी गांव में
भीमराव अम्बेडकर की मूर्ति खंडित किएं जाने के मामले को लेकर कई संगठनो के लोग
गांव बरहेड़ी में मूर्ति स्थल पर एकत्रित हुएं। जिसकी सूचना जैसे ही प्रशासनिक
अधिकारियों को लगी तो प्रशासन के हाथ पांव फूल गएं। तब डीएसपी हैडक्वार्टर सुभाष
चंद, डीएसपी रादौर रजत गुलिया, थाना प्रभारी धर्मपाल व बीडीपीओ रादौर कंवरभान
नरवाल पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और वहां मौजूद संगठन के लोगो ने बातचीत की।
लेकिन संगठन के लोग मूर्ति खंडित किएं जाने के दोषियों की
गिरफ्तारी की मांग करने लगे। जिस पर डीएसपी सुभाष चंद ने उनसे एक सप्ताह की मोहलत
मांगी। लेकिन संगठन के पदाधिकारियों ने दो दिनो तक मामले को सुलझाने की बात कहीं, जबकि आज ही मौके पर मूर्ति स्थापित किएं जाने की मांग की।
जिसकी हामी प्रशासन के अधिकारियों ने भर दी। मौके पर जमा हुएं लोगो में भीम आर्मी, अम्बेडकर युवा मंच, दलित एकता संगठन
रादौर के अलावा बहुजन समाज पार्टी के लोग भी शामिल थे।
भीम आर्मी प्रदेश अध्यक्ष कमल बराड़ा ने कहा कि तीन बार यहां पर
बाबा साहब की मूर्ति खंडित की जा चुकी है। यह केवल मात्र मूर्ति खंडित किएं जाने
का मामला नहीं है बल्कि पूरे बहुजन समाज को अपमानित करने का कार्य है। ऐसा कार्य
करने वाले न केवल बहुजन समाज के अपराधी है बल्कि उनका यह कार्य देशविरोधी भी है।
क्योंकि बाबा साहब ने देश के संविधान का निर्माण किया था और उसी से पूरे को चलाया
जा रहा है। जिस कारण उनके खिलाफ देशद्रोह का मुकद्मा भी दर्ज होना चाहिएं। बहुजन
समाज पार्टी के अंबाला लोकसभा प्रभारी अत्तर सिंह ने कहा कि यह मूर्ति खंडित किएं
जाने का मामला नहीं है यह कत्ल का मामला है। जिस पर प्रशासन को सख्त एक्शन लेना
चाहिएं।
उन्होंने समाज के लोगो को एकजुट होकर इस प्रकार के कार्यों का विरोध करने का आह्वान किया। मौके पर प्रदीप गौतम जिला
अध्यक्ष भीम आर्मी, धर्मसिंह पिंकी, अमनदीप छोटाबांस, ऋषिपाल नंबरदार, हरविन्द्र रादौर, प्रदीप करहेड़ा, ब्रहमसिंह, करनैल, पृथ्वी, रोनी, पवन, गोल्ड़ी, भजनलाल व नितिन
इत्यादि मौजूद थे।
-मामले को लेकर बनाई गई 21 सदस्यीय कमेटी
मूर्ति खंडित किएं जाने के मामले की निगरानी व आगामी निर्णय
लेने के लिए 21 सदस्यीय कमेटी का गठन किया गया। जिसमें गांव बरहेड़ी से
भूपेन्द्र सिंह, रणजीत सिंह बरहेड़ी, नरेश बरहेड़ी, विशाल बरहेड़ी, राजू, रमन, अमित, प्रदीप, सुशील, श्रीचंद, नरेश को शामिल किया
गया। जबकि राजेश मसूंरपुर, पवन कुमार, कमल बराड़ा, भजन लाल, रिषीपाल, अमनदीप छोटाबांस, प्रदीप कुमार, पृथ्वी खजूरी, अभिषेक जठलाना व
नितिन मसाना शामिल है।
-डीएसपी रादौर रजत गुलिया
पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। मामले को लेकर छानबीन जारी है।
समाज के लोगो से बातचीत कर उन्हें आश्वासन दिया गया है कि जल्द ही दोषियो को
गिरफ्तार कर लिया जाएंगा। समाज में अमन शांति बनाएं रखने को लेकर समाज के लोगो से
अपील भी की गई है।
-2011 में लगाई गई थी
मूर्ति, लंबा चला था आंदोलन
गांव बरहेड़ी में इस जगह व मूर्ति का विवाद कोई नया नहीं है।
वर्ष 2011 में समाज के लोगो ने
इस भूमि को हड्डी रोड़ा की बताते हुए यहां मूर्ति स्थापित की थी। तब यहां विवाद
काफी बढ़ गया था। करीब एक साल चले मामले का नेतृत्व बसपा नेता देवेन्द्र चौहान
खजूरी ने किया था। तभी से लेकर यहां पर कई बार विवाद की स्थिति बन चुकी है। उस समय
चले आंदोलन का हिस्सा रहे पूर्व ब्लॉक समिति सदस्य ऋषिपाल जठलाना ने बताया कि तीन
बार यहां मूर्ति खंडित की जा चुकी है। दो वर्ष पहले व गत वर्ष भी मूर्ति को शरारती
तत्त्वो ने खंडित किया था।