Type Here to Get Search Results !

ad

ADD


 

Gurugram- सोनीपत के खरखौदा में मारुति प्लांट लगाने का रास्ता साफ : मुख्यमंत्री

𝐌𝐚𝐧𝐨𝐡𝐚𝐫 𝐋𝐚𝐥 𝐬𝐚𝐢𝐝  𝐭𝐡𝐚𝐭 𝐜𝐥𝐞𝐚𝐫𝐚𝐧𝐜𝐞 𝐡𝐚𝐬 𝐛𝐞𝐞𝐧 𝐠𝐢𝐯𝐞𝐧 𝐟𝐨𝐫 𝐬𝐞𝐭𝐭𝐢𝐧𝐠 𝐮𝐩 𝐚 𝐧𝐞𝐰 𝐌𝐚𝐫𝐮𝐭𝐢 𝐩𝐥𝐚𝐧𝐭 𝐨𝐧 𝐚𝐛𝐨𝐮𝐭 𝟗𝟎𝟎 𝐚𝐜𝐫𝐞𝐬 𝐨𝐟 𝐥𝐚𝐧𝐝 𝐚𝐭 𝐊𝐡𝐚𝐫𝐤𝐡𝐨𝐝𝐚 𝐢𝐧 𝐒𝐨𝐧𝐢𝐩𝐚𝐭 𝐝𝐢𝐬𝐭𝐫𝐢𝐜𝐭. 𝐇𝐞 𝐬𝐚𝐢𝐝 𝐭𝐡𝐚𝐭 𝐭𝐡𝐢𝐬 𝐰𝐨𝐮𝐥𝐝 𝐟𝐮𝐫𝐭𝐡𝐞𝐫 𝐢𝐧𝐜𝐫𝐞𝐚𝐬𝐞 𝐭𝐡𝐞 𝐩𝐫𝐨𝐝𝐮𝐜𝐭𝐢𝐨𝐧 𝐨𝐟 𝐌𝐚𝐫𝐮𝐭𝐢, 𝐰𝐡𝐢𝐜𝐡 𝐰𝐨𝐮𝐥𝐝 𝐠𝐢𝐯𝐞 𝐚 𝐛𝐨𝐨𝐬𝐭 𝐭𝐨 𝐭𝐡𝐞 𝐚𝐮𝐭𝐨𝐦𝐨𝐛𝐢𝐥𝐞 𝐬𝐞𝐜𝐭𝐨𝐫 𝐢𝐧 𝐭𝐡𝐞 𝐬𝐭𝐚𝐭𝐞.

𝐇𝐚𝐫𝐲𝐚𝐧𝐚 𝐂𝐡𝐢𝐞𝐟 𝐌𝐢𝐧𝐢𝐬𝐭𝐞𝐫, 𝐌𝐚𝐧𝐨𝐡𝐚𝐫 𝐋𝐚𝐥 


गुरुग्राम news हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने आज कहा कि हरियाणा इंटरप्राइजिज प्रोमोशन सैंटर की बैठक में सोनीपत के खरखौदा में लगभग 900 एकड़ भूमि पर मारुति का नया प्लांट स्थापित करने के लिए क्लीयरेंस दी गई है। उन्होंने कहा कि इससे मारुति की प्रौडक्शन और बढ़ेगी जिससे प्रदेश में ऑटोमोबाइल सैक्टर को बढ़ावा मिलेगा।

मुख्यमंत्री गुरुग्राम के लोक निर्माण विश्राम गृह में हरियाणा इंटरप्राइजिज प्रोमोशन सैंटर की बैठक की अध्यक्षता करने उपरांत मीडिया प्रतिनिधियों से बातचीत कर रहे थे। उन्होंने बताया कि प्रदेश के छोटे -बडे़ निवेशकों के साथ समय समय पर यह बैठक आयोजित की जाती हैं ताकि उनसे बातचीत करते हुए उनकी मांग व पॉलिसी के अनुसार उन्हें छूट दी जा सके। आज आयोजित बैठक में ऐसे दो बड़े उद्योगों नामतः मारुति तथा ग्रासिम पेंट्स के साथ बातचीत करते हुए उन्हें पॉलिसी के अनुसार मंजूरी दी गई है।

उन्होंने बताया कि मारुति द्वारा खरखौदा में लगभग 900 एकड़ जमीन पर प्लांट स्थापित करने को लेकर चल रही बातचीत को आज अंतिम रूप दिया गया है। कंपनी के वरिष्ठ प्रबंधन के साथ इस बारे में विस्तार से विचार विमर्श हुआ है। यदि कंपनी 45 दिनों के भीतर तय की गई पूरी राशि जमा करवा देती है तो उसे पॉलिसी अनुसार कुल राशि पर 10 प्रतिशत की छूट दी जाएगी। इसके साथ ही सरकार द्वारा कंपनी को 15 साल के लिए एसजीएसटी की रीइमब्रसमेंट दी गई है। इससे मारुति कंपनी द्वारा प्रोडक्शन को और अधिक बढ़ाया जाएगा जिससे ऑटो उद्योग को बढ़ावा मिलेगा।

इसके अलावा, एक अन्य कंपनी ग्रासिम पेंट्स की है जिसे स्थापित करने की बातचीत पहले रोहतक में चल रही थी लेकिन किन्ही कारणों से अब वे इस प्लांट को पानीपत में स्थापित करना चाहते हैं। इस प्लांट के एक्सचेंज में कुछ नई शर्तों को जोड़ा गया है। इस कंपनी को भी पॉलिसी अनुसार छूट दे दी गई है। यह उद्योग 70 एकड़ भूमि पर स्थापित होगा। मुख्यमंत्री ने बताया कि एक अन्य प्रौजेक्ट रेलवे के पार्ट्स बनाने का भी आया है जिस पर आज बातचीत प्रारंभ हुई है। यह प्रौजेक्ट रोहतक में लगाया जाएगा।

The Chief Minister said this while interacting with media persons after presiding over the meeting of Haryana Enterprises Promotion Center at Gurugram today.

He informed that this meeting is organized from time to time with the big and small investors of the state so that while interacting with them, they can be given exemption according to their demand and policy. In the meeting held today, while interacting with two such big industries namely Maruti and Grasim Paints, approval has been given as per the policy.

Manohar Lal said that the ongoing talks with Maruti to set up the plant on about 900 acres of land at Kharkhoda have been finalized today. This has been discussed in detail with the senior management of the company. If the company deposits the entire amount within 45 days, then it will be given 10 percent discount on the total amount as per the policy. Along with this, the company has been given SGST reimbursement for 15 years by the government. Besides this, the production will be further increased by the Maruti company, which will give a boost to the auto industry.

Meanwhile, another company namely  Grasim Paints which was earlier holding talks with the State Government for setting up its plant in Rohtak but due to some reasons now they will be setting up this plant in Panipat. Some new conditions have been added to the exchange of this plant. This company has also been given a discount as per the policy. This industry will be established on 70 acres of land, informed Manohar Lal.

The Chief Minister said that another project regarding the production of railway parts has also been taken up in today’s meeting. This project will be set up in Rohtak.

The Chief Minister today also started the process of distributing fogging machines to villages across the state for the prevention of mosquito-borne diseases from the premises of Public Works Rest House, Gurugram. These machines will be given in those 5000 villages of the state where these machines are not available. On this occasion, he presented these machines to 11 Panchayats of the Gurugram district. Deputy Chief Minister Dushyant Chautala also remained present on this occasion.

The Chief Minister said that these machines would be used for the prevention of mosquito-borne diseases. At present, the weather has also changed and there is a rise in dengue cases, therefore every possible effort should be made to prevent the spread of mosquito-borne diseases.  The work of distributing these machines in the districts of the state has been started from today, he added.

Later, responding to a question regarding pollution issues, the Chief Minister said, “It is our endeavour to reduce pollution not only in Delhi NCR but also in the cities and villages of the state. For this, serious efforts are being made by the state government. Equipment and machines have been given on subsidy to the farmers for crop residue management.”

The Chief Minister said that the cases of stubble burning have come down significantly in Haryana.  As many as 183 cases of stubble burning have been reported in Haryana, while in Punjab about 3500 cases of stubble burning incidences have been reported so far, he added.

He said that these cases are recorded on the basis of photographs obtained from satellite imagery, for this, there is no need to go to the spot.  Besides this, directions of the Supreme Court regarding pollution control will be strictly implemented in the State, he said.

Responding to another question about reserving 75 percent employment opportunities in the private sector for Haryana residents, the Chief Minister said that this scheme has been implemented only after consultation with industries and entrepreneurs. On the suggestions of entrepreneurs, the wage limit of Rs. 50,000 monthly has been reduced to Rs. 30,000. After this everyone is satisfied and this scheme will be implemented from January 2022, said Manohar Lal.

He also informed that families having less than Rs one lakh income are being identified from November 22 to December 15 through Parivar Pehchan Patra. Those identified families will be helped by providing skill development, loans to start businesses. Such families would also be given the benefits of various schemes being run through various departments.

इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने आज गुरुग्राम के लोक निर्माण विश्राम गृह परिसर से मच्छरजनित बिमारियों की रोकथाम के लिए प्रदेश भर के गांवों के लिए फोगिंग मशीनें वितरित करने की शुरूआत की। प्रदेश के उन पांच हजार गांवो में ये मशीनें दी जाएंगी जहां पर ये मशीनें नही हैं। इस अवसर पर उन्होंने फोगिंग मशीन को चलाकर भी देखा और गुरुग्राम जिला की 11 पंचायतों को अपने कर -कमलों से ये मशीनें भेंट की। इस अवसर पर उनके साथ उप मुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला भी उपस्थित रहे। मुख्यमंत्री ने कहा कि मच्छरजनित बिमारियों की रोकथाम के लिए इन मशीनों का प्रयोग किया जाएगा। वर्तमान में मौसम में भी परिवर्तन हुआ है और डेंगू भी चल रहा है ,ऐसे में हमारा प्रयास है कि मच्छरजनित बिमारियां को फैलने से रोका जाए। उन्होंने कहा कि इन मशीनों को आज से प्रदेश के जिलो में वितरित करने का कार्य शुरू किया गया है।

प्रदूषण संबंधी विषय पर पूछे गए सवाल का जवाब देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारा प्रयास है कि केवल दिल्ली एनसीआर ही नही बल्कि प्रदेश के शहरों व गांवो में प्रदूषण कम हो। इसके लिए प्रदेश सरकार द्वारा गंभीरता से प्रयास किए जा रहे हैं। फसल अवशेष प्रबंधन के लिए किसानों को उपकरण तथा मशीनें सब्सिडी पर दी गई हैं। उन्होंने बताया कि हरियाणा में पराली जलाने के मामलों में काफी कमी आई है। हमारे यहां पराली जलाने के 183 मामले दर्ज किए गए हैं जबकि हमारे साथ पंजाब में लगभग 3500 मामले पराली जलाने के सामने आए हैं। ये मामले सैटेलाइट इमेजरी से प्राप्त फोटों के आधार पर दर्ज होते हैं, इसके लिए मौके पर जाने की जरूरत नही होती। इसके अलावा, प्रदूषण नियंत्रण को लेकर माननीय उच्चतम न्यायालय का जो भी आदेश होगा उसे दृढ़ता से लागू किया जाएगा।  

हरियाणावासियों के लिए प्राइवेट संस्थानों में भी 75 प्रतिशत रोजगार के अवसर आरक्षित करने को लेकर पूछे गए सवाल के जवाब में मुख्यमंत्री ने कहा कि ये योजना उद्योगों तथा उद्यमियों से विचार विमर्श करने के बाद ही लागू की गई है। उद्यमियों के सुझावों पर 50 हजार रूप्ये मासिक को घटाकर 30 हजार रूपये किया गया है। इसके बाद सभी संतुष्ट हैं और यह योजना जनवरी 2022 से लागू हो जाएगी। उन्होंने ये भी बताया कि परिवार पहचान पत्र के माध्यम से 22 नवंबर से 15 दिसंबर तक एक लाख से कम आय वाले परिवारों की पहचान की जा रही है। उन चिन्हित परिवारों को कौशल विकास, व्यवसाय शुरू करने के लिए कर ऋण आदि उपलब्ध करवाने तथा विभिन्न विभागों के माध्यम से चलाई जा रही योजनाओं का लाभ देकर उनकी मदद की जाएगी।

और ये भी पढ़ें..

Chandigarh

तीर्थ राज कपाल मोचन मेला 15 नवम्बर से शुरू   









Post a Comment

0 Comments
* Please Don't Spam Here. All the Comments are Reviewed by Admin.

Below Post Ad


ADD


 

ads